प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को वाराणसी से वडनगर की यात्रा कर रहे ‘सेवा यात्रियों’ से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए संवाद किया। प्रधानमंत्री ने कहा कि सेवा यात्रा के दौरान देश के अलग-अलग हिस्सों में लोगों के बीच जाकर मिलने वाले अनुभव जीवनभर की पूंजी बनते हैं। उन्होंने सेवा यात्रियों से जनसेवा, सामाजिक सुधार और सकारात्मक बदलाव के लिए लगातार काम करने का आह्वान किया।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत की विविधता और विशालता को केवल किताबों से पूरी तरह नहीं समझा जा सकता। अलग-अलग राज्यों और गांवों में जाकर वहां के लोगों, परंपराओं, खानपान और जीवनशैली से जुड़ने पर देश को करीब से समझने का अवसर मिलता है। उन्होंने सेवा यात्रियों से यात्रा के दौरान अधिक से अधिक लोगों से जुड़ने और उनके अनुभवों से सीखने को कहा।
संवाद के दौरान प्रधानमंत्री ने सरकारी योजनाओं के जमीनी प्रभाव का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि किसी योजना का महत्व केवल उस पर पैसा खर्च करने में नहीं है, बल्कि तब है जब वह अंतिम व्यक्ति तक पहुंचकर उसके जीवन में बदलाव लाती है। सेवा यात्रियों के लिए लोगों से मिलना और योजनाओं के प्रभाव को प्रत्यक्ष रूप से समझना भी एक तरह का प्रशिक्षण है।
प्रधानमंत्री ने महात्मा गांधी का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने स्वतंत्रता आंदोलन का नेतृत्व करने के साथ समाज में व्याप्त बुराइयों के खिलाफ भी काम किया। इसी तरह समाज में निरंतर सुधार और सकारात्मक बदलाव के लिए काम करते रहना चाहिए। उन्होंने प्रयागराज के सफाईकर्मियों के योगदान का जिक्र करते हुए कहा कि उनकी मेहनत से कुंभ ने स्वच्छता के क्षेत्र में दुनिया भर में पहचान बनाई और ऐसे सेवा कार्यों को सम्मान मिलना चाहिए।
साफे को हेलमेट न समझें, सुरक्षा का रखें ध्यान
सेवा यात्रियों से बातचीत के दौरान प्रधानमंत्री ने उनके केसरिया साफे का जिक्र करते हुए हल्के-फुल्के अंदाज में सड़क सुरक्षा का संदेश भी दिया। उन्होंने पूछा कि क्या गांव के लोगों ने उन्हें ये साफे भेंट किए हैं। इसके बाद उन्होंने बाइक चलाते समय हेलमेट पहनने की हिदायत देते हुए कहा कि साफे को हेलमेट न समझें।
17 सितंबर से शुरू हुई सेवा यात्रा
सेवा यात्रा 17 सितंबर को ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत शुरू हुई है। वाराणसी और वडनगर के बीच दोनों दिशाओं में आयोजित इस मोटरसाइकिल यात्रा में युवा विभिन्न राज्यों, जिलों, कस्बों और गांवों से गुजरते हुए स्थानीय लोगों से संवाद कर रहे हैं। यात्रा के दौरान स्वच्छता अभियान के साथ स्कूलों, अस्पतालों और नर्सिंग होम सहित विभिन्न स्थानों पर सेवा गतिविधियां की जा रही हैं। यह यात्रा 7 अक्टूबर तक चलेगी।
प्रधानमंत्री ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में भी वाराणसी से वडनगर जा रहे सेवा यात्रियों से संवाद पर प्रसन्नता जताई। यात्रा को उन्होंने सेवा, देशभक्ति, संस्कार और विकसित भारत के निर्माण के संकल्प से जोड़ा।
